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अज़ीज़' वारसी (दिल के पन्ने ) Aziz Warasi (Dil Ke Panne )

dil ke panne Tuesday, 4 April 2017 0

  इतने नज़दीक से आईने को देखा न करो रुख़-ए-ज़ेबा की लताफ़त को बढाया न करो दर्द ओ आज़ार का तुम मेरे मुदावा न करो रहने दो अपनी मसी...